CBSE
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Class 8
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Hindi
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By - Kavita Basu
राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद् द्वारा अनुमोदित राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा की नवीनतम संस्तुतियों एवं सी.बी.एस.ई. तथा अन्य राज्य शिक्षा बोर्डों के पाठ्यक्रम के अनुरूप, “नूतन सरल हिंदी माला” की अभ्यास-पुस्तिकाओं की श्रृंखला (भाग 1 से 8 तक) प्रस्तुत की जा रही है। हमारा उद्देश्य है कि विद्यार्थी इसके क्रियाकलाप-आधारित अभ्यासों से लाभान्वित हो सकें।
भाषा व्यवहार का विषय है। अतः इसका जितना अधिक अभ्यास कराया जाएगा, उतना ही विद्यार्थियों का भाषा-बोध एवं भाषा का उचित प्रयोग सशक्त और सार्थक होगा। इसी उद्देश्य के साथ हमने “नूतन सरल हिंदी माला” अभ्यास-पुस्तिकाओं की श्रृंखला का निर्माण किया है ताकि लेखन-अभ्यास अधिकाधिक हो सके और भाषागत त्रुटियों का निदान एवं उपचार किया जा सके।
अभ्यास-पुस्तिका में पाठ से प्रश्न, शब्द-कौशल, भाषा-कौशल, रचनात्मक अभिव्यक्ति, खेल-खेल में, जीवन-कौशल तथा अभिवृत्ति एवं जीवन-मूल्य का समावेश किया गया है, जिससे विद्यार्थियों का बहुमुखी विकास हो सके।
विभिन्न कक्षाओं के विद्यार्थियों के मानसिक स्तर और बौद्धिक क्षमता को ध्यान में रखकर, क्रियाकलाप-आधारित अभ्यास तैयार किए गए हैं ताकि रोचकता बनी रहे।
पाठ से प्रश्न: इसमें पाठगत लिखित प्रश्न, रिक्त स्थानों की पूर्ति, सही-गलत वाक्य चयन, बहुविकल्पीय प्रश्न आदि शामिल हैं, जिससे पाठों का पुनः स्मरण कराया जा सके।
शब्द-कौशल: इसमें शब्दार्थ, पर्यायवाची और विलोम शब्द-लेखन, एकार्थक, अनेकार्थक, समरूपी भिन्नार्थक शब्दों का अभ्यास, उपसर्ग-प्रत्यययुक्त शब्दों का निर्माण आदि शाब्दिक कुशलता बढ़ाने वाले अभ्यास शामिल हैं।
भाषा-कौशल: इसमें संज्ञा, सर्वनाम, क्रिया, विशेषण तथा अविकारी शब्दों के बहु-उपयोगी विभिन्न अभ्यास, तुकांत शब्दों का ज्ञान, मुहावरे-लोकोक्तियों का अर्थ सहित वाक्य-प्रयोग, वर्ण-लेखन, पंचम वर्णों और संयुक्ताक्षरों का उचित ज्ञान आदि शामिल हैं।
रचनात्मक अभिव्यक्ति: विभिन्न क्रियाकलापों के माध्यम से सामान्य ज्ञान में वृद्धि, शब्द या वाक्य-पूर्ति के द्वारा कहानी, कविता, पत्र-लेखन, चित्र-वर्णन, अनुच्छेद लेखन, डायरी-लेखन तथा कलात्मक प्रतिभा एवं रचनात्मक अभिरुचि का विकास और स्वस्थ मनोरंजन सुनिश्चित किया गया है।
खेल-खेल में: बिंदुओं को मिलाकर चित्र पूरे करना, चित्रों में रंग भरना आदि विद्यार्थियों के लिए मनोरंजक क्रियाकलाप हैं।
जीवन-कौशल: विद्यार्थियों को सफलतापूर्वक जीने संबंधी क्रियाकलाप सुझाए गए हैं।
अभिवृत्ति एवं जीवन-मूल्य: मूल्यपरक क्रियाकलाप सुझाए गए हैं ताकि विद्यार्थियों का बहुमुखी विकास संभव हो सके।
इस श्रृंखला की प्रत्येक पुस्तक के निर्माण में सभी विद्वानों द्वारा समय-समय पर दिए गए परामर्शों पर पर्याप्त ध्यान दिया गया है, ताकि यह सभी प्रकार से बालोपयोगी सिद्ध हो। पुनः आपके परामर्श और मार्गदर्शन की हम अपेक्षा रखते हैं।
– प्रकाशक
| Category | Course Book |
| Format | Digital Book |
| Type | Course Book |
| No. of pages | 1 |